Thursday, 14 November 2024

अन्याय

जो हो गया है 
उस अन्याय का क्या?
क्या होगा उस 
दर्द का जो किसी ने
माथे पर खींचा
क्या खुलेगी कभी भी
वो मुट्ठी जो 
लाचारी ने है भींचे,
जो चोट लगी 
उस दाग का क्या?

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