Sunday, 13 November 2022

3 दिन

3 दिन की है तपस्या
3 दिन की वेदना,
3 दिन का मोह है
3 दिन की चेतना,

3 दिन तड़प मेरी
3 दिन पुकार है,
3 दिन का द्वंद है
3 दिन उछाल है,

3 दिन की है पिपासा
3 दिन यलगार है,
3 दिन राम भूल
3 दिन विषाक्त हैं,

3 दिन की है परीक्षा
3 दिन अकाज है,
3 दिन ही संकुचित हूं
फिर मेरे श्री राम हैं!

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