Friday, 15 April 2022

सिक्के

राम नाम के
सिक्के हैं ये,
गिन के सबको
मिले हुए हैं,

खनक मे राम
बसे हैं इसके,
सबको कानों
सुने हुए हैं,

खर्च करो तुम
समझ के इनको
या फिर जेब से
निरा गिरा दो,
नहीं मिलेंगे
फिर ये मोती,
जो समय काल
से भरे पड़े हैं!

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